Search
Saturday 30 May 2020
  • :
  • :
Latest Update

रमजान में मुस्लिमों ने हिंदू-मुस्लिम भाईचारे की पेश की अनूठी मिसाल

रमजान में मुस्लिमों  ने हिंदू-मुस्लिम भाईचारे की पेश की अनूठी मिसाल

कोरोना वायरस के चलते पूरे देश में लॉकडाउन में है। ऐसे में ज्यादातर शहरों से लॉकडाउन के उल्लंघन की तस्वीरें सामने आ रही हैं। लेकिन इस बीच मंगलवार को मेरठ जिले से ऐसी तस्वीरें सामने आई हैं। जिसमें मुस्लिम समाज के लोगों ने देश में सांप्रदायिक सौहार्द की अनूठी मिसाल पेश की है। आइए आपको आगे की स्लाइडों में दिखाते हैं कि मुस्लिम समाज ने किस तरह से हिंदू भाई की मौत होने के बाद शव के अंतिम संस्कार की पूरी जिम्मेदारी उठाई।

शहर के शाहपीर गेट क्षेत्र में कायस्थ धर्मशाला में रहने वाले रमेश चंद्र माथुर (68 वर्ष) की मंगलवार को अचानक मौत हो गई। इसके बाद मुस्लिम समाज के लोगों ने आगे आकर न सिर्फ उनके अंतिम संस्कार की सभी जिम्मेदारियां निभाईं बल्कि शव को कंधा भी दिया।

बता दें कि रमजान माह में मुस्लिम समाज ने हिंदू-मुस्लिम भाईचारे की अनूठी मिसाल पेश की है।

जानकारी के अनुसार शाहपीर गेट स्थित कायस्थ धर्मशाला में कायस्थ रमेश का परिवार रहता है। उनके दो बेटे हैं। एक बेटा उनके साथ में ही रहता है, जबकि दूसरा बेटा दिल्ली में रहता है। रमेश की आर्थिक स्थिति भी बहुत अच्छी नहीं थी।

मुस्लिम समाज के लोग शवयात्रा लेकर पैदल ही सूरजकुंड तक गए। इस दौरान यह दृश्य देखकर हर किसी ने प्रशंसा की।वहीं मुस्लिम समाज की इस पहल को सांप्रदायिक सौहार्द की अनूठी मिसाल माना जा रहा है।



Avatar

A group of people who Fight Against Corruption.


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *